विजाभज, इमाव और विमाप्र विद्यार्थियों के लिए केंद्र की सुधारित मैट्रिकपूर्व और मैट्रिकोत्तर छात्रवृत्ति नियमावली लागू
इस शासन निर्णय में क्या लिखा है?
LABHLO की सरल व्याख्या
राज्य ने विजाभज, इमाव और विमाप्र विद्यार्थियों की मैट्रिकपूर्व और मैट्रिकोत्तर छात्रवृत्ति के लिए केंद्र सरकार की 5 मई 2022 की सुधारित मार्गदर्शक सूचनाएँ लागू की हैं। अब तक राज्य ये छात्रवृत्तियाँ केंद्र की 1998 की सूचनाओं के अनुसार देता था। योजना अब केंद्र की छत्र योजना PM-YASASVI के तहत चलेगी और खर्च 60 प्रतिशत केंद्र और 40 प्रतिशत राज्य उठाएगा।
मुख्य बातें
शासन निर्णय से तथ्य
- मैट्रिकपूर्व छात्रवृत्ति सरकारी स्कूलों की कक्षा 9 और 10 के विद्यार्थियों के लिए है। शैक्षणिक भत्ता सालाना 4,000 रुपये है। वैध जाति प्रमाणपत्र, कम से कम 75 प्रतिशत उपस्थिति और आधार प्रमाणीकरण जरूरी हैं।
- मैट्रिकपूर्व छात्रवृत्ति उन विद्यार्थियों के लिए है जिनके परिवार की सालाना आय 2.50 लाख रुपये या उससे कम है। यह एक माता या पिता के दो बच्चों तक मिलती है और लड़कियों पर यह सीमा लागू नहीं है। लाभार्थियों में कम से कम 5 प्रतिशत दिव्यांग और 30 प्रतिशत लड़कियाँ होनी चाहिए।
- मैट्रिकोत्तर छात्रवृत्ति के लिए सभी स्रोतों से पारिवारिक आय की सीमा सालाना 2.50 लाख रुपये है। संबंधित राज्य विभागों की राय लेकर केंद्र की सूची के पाठ्यक्रम मान्य होंगे और योजना MahaDBT पोर्टल पर चलती है।
- विद्यार्थी उसी कक्षा के लिए दूसरी छात्रवृत्ति नहीं ले सकता। झूठा दावा मिलने पर छात्रवृत्ति रद्द, राशि की वसूली और स्थायी अपात्रता होगी।
- इतर मागास बहुजन कल्याण संचालनालय, पुणे अगले शैक्षणिक वर्ष के लिए 28 फरवरी तक वार्षिक योजना बनाता है। राज्य स्तर पर संयुक्त संचालक और जिला स्तर पर जिला सहायक संचालक शिकायत निवारण अधिकारी हैं।
इसका असर किन पर हो सकता है?
LABHLO की सरल व्याख्या
महाराष्ट्र के विजाभज, इमाव और विमाप्र वर्ग के कक्षा 9 और 10 (मैट्रिकपूर्व) तथा मैट्रिकोत्तर पाठ्यक्रमों के विद्यार्थी और उनके अभिभावक।
क्या बदला?
शासन निर्णय से तथ्य
- केंद्र की 5 मई 2022 की सुधारित सूचनाएँ राज्य की पहले की केंद्र की 1998 की सूचनाओं का स्थान लेती हैं।
- योजना PM-YASASVI छत्र योजना के तहत 60:40 केंद्र और राज्य हिस्सेदारी से चलेगी। इसे 23 जून 2023 के शासन निर्णय और 29 अप्रैल 2025 के मंत्रिमंडल निर्णय से मंजूरी मिली।
- परिवार की 2.50 लाख रुपये सालाना आय की सीमा और मैट्रिकपूर्व लाभार्थी चुनने की प्राथमिकता के नियम बताए गए हैं।
- लागू होने की तारीख
- शासन निर्णय कोई अलग प्रभावी तारीख नहीं बताता। यह 20 जून 2025 का है और 29 अप्रैल 2025 की मंत्रिमंडल बैठक के बाद आया।
- आर्थिक असर
- खर्च 60 प्रतिशत केंद्र और 40 प्रतिशत राज्य उठाते हैं। मैट्रिकपूर्व: लेखाशीर्ष 2225 F 737 (केंद्र) और 2225 F 746 (राज्य)। मैट्रिकोत्तर: 2225 F 755 (केंद्र) और 2225 F 764 (राज्य)। प्रशासकीय खर्च योजना के सालाना खर्च का अधिकतम 1 प्रतिशत। शासन निर्णय कुल राशि नहीं बताता।
आपको क्या करना चाहिए?
LABHLO की सरल व्याख्या
LABHLO पर OBC, VJNT और SBC छात्रवृत्ति के योजना पेज पढ़ें और MahaDBT पोर्टल पर आवेदन करें। आय प्रमाण या जाति प्रमाणपत्र को लेकर शंका हो तो अपने स्कूल या कॉलेज के छात्रवृत्ति अधिकारी से पूछें।
नए शासन निर्णय हो सकते हैं। अधिकृत पोर्टल देखें।
इस शासन निर्णय से जुड़ी योजनाएं
Post Matric Scholarship to OBC Students
महाराष्ट्र में दसवीं के बाद के कोर्स करने वाले OBC विद्यार्थियों के लिए मासिक निर्वाह भत्ता और फीस में मदद, यदि माता-पिता या अभिभावक की आय सालाना 2.50 लाख रुपये तक हो।
- लाभ
- मासिक निर्वाह भत्ता कोर्स समूह पर निर्भर है। समूह A: छात्रावास वालों को 425 रुपये और घर…
- किसके लिए
- महाराष्ट्र के OBC विद्यार्थी जो सरकार से मान्य दसवीं के बाद का कोर्स कर रहे हों…
- आखिरी जांच
- 26 सित॰ 2026
Post Matric Scholarship to SBC Students
महाराष्ट्र में दसवीं के बाद के कोर्स करने वाले SBC विद्यार्थियों के लिए मासिक निर्वाह भत्ता और फीस में मदद, यदि माता-पिता या अभिभावक की आय सालाना 2.50 लाख रुपये तक हो।
- लाभ
- मासिक निर्वाह भत्ता कोर्स समूह पर निर्भर है। समूह A: छात्रावास वालों को 425 रुपये और घर…
- किसके लिए
- महाराष्ट्र के SBC विद्यार्थी जो सरकार से मान्य दसवीं के बाद का कोर्स कर रहे हों…
- आखिरी जांच
- 26 सित॰ 2026
Post Matric Scholarship to VJNT Students
महाराष्ट्र में दसवीं के बाद के कोर्स करने वाले VJNT विद्यार्थियों के लिए मासिक निर्वाह भत्ता और फीस में मदद, यदि माता-पिता या अभिभावक की आय सालाना 2.50 लाख रुपये तक हो।
- लाभ
- मासिक निर्वाह भत्ता कोर्स समूह पर निर्भर है। समूह A: छात्रावास वालों को 425 रुपये और घर…
- किसके लिए
- महाराष्ट्र के VJNT विद्यार्थी जो सरकार से मान्य दसवीं के बाद का कोर्स कर रहे…
- आखिरी जांच
- 26 सित॰ 2026
सवाल और जवाब
यह शासन निर्णय क्या है?
राज्य ने विजाभज, इमाव और विमाप्र विद्यार्थियों की मैट्रिकपूर्व और मैट्रिकोत्तर छात्रवृत्ति के लिए केंद्र सरकार की 5 मई 2022 की सुधारित मार्गदर्शक सूचनाएँ लागू की हैं। अब तक राज्य ये छात्रवृत्तियाँ केंद्र की 1998 की सूचनाओं के अनुसार देता था। योजना अब केंद्र की छत्र योजना PM-YASASVI के तहत चलेगी और खर्च 60 प्रतिशत केंद्र और 40 प्रतिशत राज्य उठाएगा।
इसे किस विभाग ने जारी किया?
इतर मागास बहुजन कल्याण विभाग, महाराष्ट्र सरकार। शासन निर्णय क्रमांक शिष्यवृत्ती-2023/प्र.क्र.83/शिक्षण, तारीख 20 जून 2025।
क्या बदला?
केंद्र की 5 मई 2022 की सुधारित सूचनाएँ राज्य की पहले की केंद्र की 1998 की सूचनाओं का स्थान लेती हैं। योजना PM-YASASVI छत्र योजना के तहत 60:40 केंद्र और राज्य हिस्सेदारी से चलेगी। इसे 23 जून 2023 के शासन निर्णय और 29 अप्रैल 2025 के मंत्रिमंडल निर्णय से मंजूरी मिली। परिवार की 2.50 लाख रुपये सालाना आय की सीमा और मैट्रिकपूर्व लाभार्थी चुनने की प्राथमिकता के नियम बताए गए हैं।
इसका असर किन पर हो सकता है?
महाराष्ट्र के विजाभज, इमाव और विमाप्र वर्ग के कक्षा 9 और 10 (मैट्रिकपूर्व) तथा मैट्रिकोत्तर पाठ्यक्रमों के विद्यार्थी और उनके अभिभावक।
मुझे क्या करना चाहिए?
LABHLO पर OBC, VJNT और SBC छात्रवृत्ति के योजना पेज पढ़ें और MahaDBT पोर्टल पर आवेदन करें। आय प्रमाण या जाति प्रमाणपत्र को लेकर शंका हो तो अपने स्कूल या कॉलेज के छात्रवृत्ति अधिकारी से पूछें।
अधिकृत PDF कहां है?
अधिकृत PDF की लिंक इस पेज के डिब्बे में है। कुछ करने से पहले उसे पढ़ें। यह सार उसकी जगह नहीं ले सकता।
इस शासन निर्णय के सार में गलती बताएं
LABHLO आसान सार देता है। अधिकृत शासन निर्णय ही अंतिम दस्तावेज़ है। कुछ करने से पहले अधिकृत PDF पढ़ें।